रायगढ़ के 41वें चक्रधर समारोह में छाए सुपरस्टार अनुज शर्मा, 'आरुग बैंड' की सुमधुर प्रस्तुति ने जीता दर्शकों का दिल
रायगढ़ के 41वें चक्रधर समारोह में छाए सुपरस्टार अनुज शर्मा, 'आरुग बैंड' की सुमधुर प्रस्तुति ने जीता दर्शकों का दिल
कला एवं संस्कृति की ऐतिहासिक नगरी रायगढ़ में आयोजित विश्व प्रसिद्ध 41वें चक्रधर समारोह के भव्य उद्घाटन अवसर पर छालीवुड सुपरस्टार अनुज शर्मा की संगीतमय प्रस्तुति ने समां बांध दिया। उनके छत्तीसगढ़ी लोक बैंड 'आरुग बैंड' के कलाकारों ने एक से बढ़कर एक सुमधुर प्रस्तुतियों से समारोह में उपस्थित विशाल जनसमूह को मंत्रमुग्ध कर दिया।
समारोह के इस गरिमामय एवं भव्य शुभारंभ अवसर पर छत्तीसगढ़ के राज्यपाल रमेन डेका मुख्य अतिथि के रूप में उपस्थित रहे। उनके साथ ही रायगढ़ के राज्यसभा सांसद देवेंद्र प्रताप सिंह ,लोकसभा सांसद राधेश्याम राठिया उपस्थित रहे।
आरुग बैंड' की संगीतमय प्रस्तुति ने छत्तीसगढ़ की समृद्ध लोक संस्कृति और परंपरा को बेहद प्रभावशाली ढंग से पेश किया, जिसने दर्शकों को झूमने पर मजबूर कर दिया।अनुज शर्मा की सशक्त और सुरीली आवाज़ ने रामलीला मैदान में मौजूद कला प्रेमियों को झूमने पर मजबूर कर दिया।छत्तीसगढ़ी माटी की महक और लोक कला की गहरी छाप उनकी पूरी प्रस्तुति में साफ झलक रही थी, जिसने मंच की गरिमा को नई ऊँचाइयों पर पहुँचाया।पारंपरिक परिधान धारण कर अनुज शर्मा ने छत्तीसगढ़ी माटी की सौंधी महक और सांस्कृतिक विरासत को मंच पर जीवंत कर दिया। 'आरुग बैंड' ने छत्तीसगढ़ की समृद्ध लोक संस्कृति और संगीत की ऐसी रसधारा प्रवाहित की कि पूरा पंडाल तालियों की गड़गड़ाहट से गूंज उठा।
अपनी सफल प्रस्तुति के बाद अनुज शर्मा ने आभार व्यक्त करते हुए कहा कि महाराजा चक्रधर सिंह की ऐतिहासिक कला-नगरी रायगढ़ के इस प्रतिष्ठित और गरिमामय मंच पर प्रस्तुति देना उनके और उनके 'आरुग बैंड' के लिए अत्यंत गर्व और सौभाग्य का विषय है । चक्रधर समारोह केवल एक सांस्कृतिक आयोजन नहीं है, बल्कि यह छत्तीसगढ़ की कला, संगीत और हमारी समृद्ध पहचान का महापर्व है। रायगढ़ के इस ऐतिहासिक मंच पर अपनी माटी की खुशबू और लोकधुनों को अरुग बैंड के साथ प्रस्तुत करना मेरे लिए अत्यंत गौरव और सौभाग्य का विषय है। हमारा निरंतर यही प्रयास है कि छत्तीसगढ़ का लोकसंगीत अपनी जड़ों से मजबूती से जुड़ा रहे और साथ ही दुनिया के हर मंच तक अपनी छाप छोड़े। चक्रधर समारोह जैसे प्रतिष्ठित आयोजन न केवल हमारी समृद्ध परंपरा और कला-संस्कृति को नई पहचान देते हैं, बल्कि आने वाली पीढ़ियों को भी अपनी माटी की जड़ों से जोड़े रखने का कार्य करते हैं। इस अनुपम अवसर और उत्कृष्ट व्यवस्थाओं के लिए हम चक्रधर समारोह आयोजन समिति तथा रायगढ़ जिला प्रशासन का सहृदय आभार एवं धन्यवाद व्यक्त करते हैं।


